रायगढ़. छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है। जहां एक ही परिवार के चार लोगों की धारदार टांगी के अलावा अन्य हथियारों से हत्या कर शवों को घर की बाड़ी में दफना दिया गया था। आज सुबह दुर्गन्ध आने पर आसपास के लोगों ने पुलिस को घटना की जानकारी दी। उक्त पूरा मामला खरसिया थाना क्षेत्र का है। रायगढ़ जिला मुख्यालय से तकरीबन 40 किलोमीटर दूर स्थित ठुसेकेला गांव के राजीव नगर बस्ती निवासी बुधराम उरांव 35 साल, अपनी पत्नी सहोद्रा उरांव 30 साल, बेटा अरविंद उरांव 10 साल एवं छोटी बेटी शिवांगी 6 साल, के साथ रहते थे और इनकी सबसे बड़ी बेटी शिवानी उरांव 16 साल, कोटमार में अपने रिश्तेदार के रहकर 10वीं की पढ़ाई करती है।
विज्ञापन
गांव के ग्रामीणों ने बताया कि बुधराम उरांव राज मिस्त्री का काम करता था और अपने परिवार के साथ हंसी खुशी जीवन यापन करते आ रहा था। मंगलवार की सुबह बुधराम गांव में ही काम करने गया था जहां से शाम पांच बजे घर लौटा था और अगले दिन से उनका घर अंदर से बंद था। आज सुबह अचानक बुधराम के घर से तेज दुर्गंध आने पर जब गांव के लोगों ने खिड़की से अंदर झांका तो देखा कि कमरे में खून का धब्बा फैला हुआ था जिसके बाद उन्होंने पूरे मामले की जानकारी खरसिया थाने में दी।
टांगी मारकर की गई हत्या
पुलिस अधीक्षक दिव्यांग पटेल ने बताया कि खरसिया पुलिस को आज सुबह सूचना मिली कि एक घर में खुन के धब्बे मिले हैं। जिसके बाद टीम यहां पहुंची है यहां एक ही परिवार के पति-पत्नी और उनके दो बच्चों की उनके ही घर के अंदर टांगी से हत्या कर दी गई है और चारो शवों को घर की बाड़ी में छिपाया गया था। मृतक के घर मंगलवार की शाम उनके घर कोई रिश्तेदार मिलने आया था।
सोते समय गले व सिर में वार
घटना में जांच के लिये पहुंचे फारेसिंक एक्सपर्ट पीएस भगत ने बताया कि सोते हुए हालत में चारो के गले और सिर में टांगी से वार करके हत्या की गई है और शवों को घसीटकर घर के पीछे स्थित बाड़ी में एक फीट गड्ढो खोदकर दफनाते हुए उपर पैरा ढक दिया गया था। प्रारंभिक जांच में दो दिन पहले घटना होनें की अंदेशा है।
शोक में डूबा पूरा गांव
एक ही परिवार के चार लोगों की हत्या की जानकारी मिलने से जहां पूरे गांव में सनसनी फैल गई है और पूरा का पूरा गांव शोक में डूब गया है। ऐसे में कातिलों तक पहुंचने के डाॅग स्वायड, फारेसिंक एक्सपर्ट, सायबर टीम मौके पर पहुंचकर जांच में जुट गई है। साथ ही अलग-अलग टीम बनाकर आरोपियों की पतासाजी की जा रही है।
बड़ी बेटी हो गई अनाथ
बुधराम उरांव की सबसे बड़ी बेटी कोटमार में अपने रिश्तेदार के यहां रहकर 10वीं कक्षा में अध्ययनरत है। अज्ञात आरोपियों के द्वारा उसके माताण्पिता और भाई बहनों की हत्या कर देने के बाद से अब वह बिल्कुल अनाथ हो गई है और इस घटना के बाद से रो ण्रोकर उसका बुरा हाल हो चुका है।
मुआवजे की रकम के लिये हत्या होनें की आशंका
बताया जा रहा है घरघोड़ा क्षेत्र के चोटीगुडा गांव में बुधराम उरांव का पुश्तैनी जमीन है, कुछ जमीन किसी कंपनी में गया है जिसका 5 लाख मुआवजा बुधराम उरांव को मिल चुका है और कुछ रकम अभी भी मिलना शेष है। ऐसे में मंगलवार की शाम किसी रिश्तेदार का घर और अचानक उनकी हत्या हो जाने से यह मामला जमीन संबंधी मुआवजे की रकम के लिये हत्या होनें की ओर इशारा करता है।













