रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में मंत्रालय महानदी भवन में आयोजित मंत्रिपरिषद की बैठक में राज्यहित से जुड़े 11 महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। इन फैसलों का उद्देश्य बिजली आपूर्ति को सुरक्षित बनाना, निवेश और उद्योगों को बढ़ावा देना, उच्च शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार, कर प्रणाली को सरल बनाना, पर्यावरणीय नियमों का सरलीकरण तथा किरायेदारी व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाना है।
कैबिनेट के प्रमुख फैसले
1. बिजली भुगतान के लिए Direct Debit Mandate (DDM) लागू
छत्तीसगढ़ स्टेट पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी द्वारा केंद्रीय विद्युत उपक्रमों से खरीदी जाने वाली बिजली के भुगतान के लिए आरबीआई के दिशा-निर्देशों के अनुरूप डायरेक्ट डेबिट मैंडेट (DDM) व्यवस्था लागू करने को मंजूरी दी गई। इससे एनटीपीसी सहित अन्य केंद्रीय कंपनियों से बिजली आपूर्ति निर्बाध बनी रहेगी और राज्य पर कोई अतिरिक्त वित्तीय भार नहीं पड़ेगा।
2. बस्तर फाइटर्स नियमों में संशोधन
छत्तीसगढ़ पुलिस विशेष कार्यपालिक बल (बस्तर फाइटर्स) के भर्ती एवं सेवा नियम-2026 में महत्वपूर्ण संशोधन को स्वीकृति दी गई।
3. निजी विश्वविद्यालय कानून में बदलाव
निजी विश्वविद्यालय स्थापना एवं संचालन अधिनियम में संशोधन कर रक्षित निधि, बेहतर आधारभूत संरचना, पुस्तकालय और यूजीसी मानकों के अनुरूप सुविधाओं का प्रावधान किया जाएगा, जिससे गुणवत्तापूर्ण उच्च शिक्षा संस्थानों को बढ़ावा मिलेगा।
4. वैट अधिकरण समाप्त होगा
जीएसटी लागू होने के बाद वैट मामलों में कमी आने और जीएसटी अपीलीय न्यायाधिकरण बनने के कारण वाणिज्यिक कर अधिकरण समाप्त करने का निर्णय लिया गया। लंबित मामलों को राजस्व मंडल को हस्तांतरित किया जाएगा।
5. जीएसटी कानून होगा और सरल
जीएसटी संशोधन विधेयक के जरिए रिफंड प्रक्रिया को तेज, पारदर्शी और आसान बनाया जाएगा, जिससे विशेषकर निर्यातकों और उद्योगों को राहत मिलेगी।
6. औद्योगिक निवेश को मिलेगा बढ़ावा
औद्योगिक निवेश प्रोत्साहन अधिनियम में संशोधन कर निवेश प्रक्रिया को अधिक प्रभावी, पारदर्शी और निवेशकों के अनुकूल बनाया जाएगा।
7. ईज ऑफ डूइंग बिजनेस में बड़ा कदम
छत्तीसगढ़ ईज ऑफ डूइंग बिजनेस विधेयक-2026 को मंजूरी दी गई। इसमें डीम्ड परमिशन, सेल्फ-सर्टिफिकेशन, थर्ड पार्टी वेरिफिकेशन, रिस्क-बेस्ड इंस्पेक्शन और दोहरे लाइसेंस की व्यवस्था समाप्त करने जैसे प्रावधान शामिल हैं। ऐसा कानून लागू करने वाला छत्तीसगढ़ देश का पहला राज्य बनने की दिशा में है।
8. नवा रायपुर में OTS योजना-2026
एनआरडीए द्वारा आबंटित भूखंडों और परिसरों पर देय ब्याज एवं अधिभार में राहत देने के लिए वन टाइम सेटलमेंट (OTS) योजना को मंजूरी दी गई, जिससे निवेश और विकास गतिविधियों को गति मिलेगी।
9. जल प्रदूषण कानून का संशोधन अपनाने का फैसला
जल (प्रदूषण निवारण एवं नियंत्रण) संशोधन अधिनियम-2024 को राज्य में लागू करने के लिए विधानसभा में संकल्प लाया जाएगा। छोटे उल्लंघनों पर आपराधिक कार्रवाई के बजाय आर्थिक दंड का प्रावधान रहेगा।
10. किरायेदारी कानून में संशोधन
भाड़ा नियंत्रण अधिनियम-2011 में संशोधन कर खाली मकानों को किराए पर देने को प्रोत्साहन, किरायेदारी विवादों का त्वरित समाधान तथा मकान मालिक और किरायेदार के अधिकारों को स्पष्ट किया जाएगा।
11. राजनांदगांव में बनेगा आधुनिक ऑडिटोरियम
राजनांदगांव में 2000 सीट क्षमता वाले अत्याधुनिक ऑडिटोरियम के निर्माण के लिए आवश्यक शासकीय भूमि आबंटित करने के प्रस्ताव को भी कैबिनेट ने मंजूरी दी।








