Shopping cart

Magazines cover a wide array subjects, including but not limited to fashion, lifestyle, health, politics, business, Entertainment, sports, science,

TnewsTnews
  • Home
  • देश-विदेश
  • भारी बारिश से शिक्षा के मंदिर में पसरा मातम, 7 मासूमों की गई जान
देश-विदेश

भारी बारिश से शिक्षा के मंदिर में पसरा मातम, 7 मासूमों की गई जान

राजस्थान के झालावाड़ में शुक्रवार सुबह एक प्राथमिक विद्यालय में बड़ा हादसा हो गया। पिपलोदी प्राथमिक विद्यालय की इमारत की छत अचानक गिर गई जिससे कम से कम 7 छात्रों की मौत हो गई और कई अन्य घायल हो गए। आशंका जताई जा रही है कि कुछ बच्चे अभी भी मलबे में दबे हो सकते हैं। यह हृदय विदारक घटना उस समय हुई जब बच्चे अपनी कक्षाओं में पढ़ाई कर रहे थे। वहीं राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने झालावाड़ की घटना पर दुख जताया है। उन्होंने घायल बच्चों के समुचित उपचार सुनिश्चित करने के लिए संबंधित अधिकारियों को भी निर्देश दिए हैं।

बचाव अभियान जारी, 14 छात्र घायल
घटना की जानकारी मिलते ही मौके पर हड़कंप मच गया। मलबे में फंसे बच्चों को निकालने के लिए बड़े पैमाने पर बचाव अभियान शुरू कर दिया गया है। पुलिस स्थानीय निवासी और प्रशासनिक अधिकारी तुरंत घटनास्थल पर पहुंच गए और राहत कार्यों में जुट गए। समाचार एजेंसी पीटीआई के अनुसार इस दुखद घटना में कुल 14 छात्र घायल हुए हैं।

शिक्षा मंत्री ने जताया दुख, मुआवजे का ऐलान और जांच के आदेश
राजस्थान के शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने इस घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया है। उन्होंने कहा, “झालावाड़ के एक स्कूल में एक दुखद घटना घटी है। मुझे गहरा दुख हुआ है। घायल बच्चों का अस्पताल में इलाज चल रहा है और उनके इलाज का सारा खर्च सरकार द्वारा वहन किया जाएगा।” मंत्री ने यह भी बताया कि छत कैसे गिरी इसका पता लगाने के लिए एक उच्च-स्तरीय जांच कराई जाएगी।

एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने जानकारी दी कि 14 घायल बच्चों को झालावाड़ के एक नजदीकी अस्पताल में रेफर किया गया है। इनमें से तीन से चार बच्चों की हालत गंभीर बनी हुई है।

भारी बारिश भी हादसे की वजह?
यह हादसा ऐसे समय में हुआ है जब उत्तर भारत में मानसून का दौर जारी है। झालावाड़ और आसपास के इलाकों में पिछले कुछ दिनों से भारी बारिश हो रही है। ऐसे में यह आशंका भी जताई जा रही है कि लगातार बारिश के कारण स्कूल भवन कमजोर हो गया होगा जिससे यह हादसा हुआ। हालांकि इसकी पुष्टि जांच के बाद ही हो पाएगी।

इस दुखद घटना ने पूरे क्षेत्र में शोक की लहर फैला दी है। प्रशासन और स्थानीय लोग राहत और बचाव कार्यों में जुटे हुए हैं ताकि जल्द से जल्द सभी फंसे हुए बच्चों को निकाला जा सके और घायलों को समुचित उपचार मिल सके।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related Posts