रायगढ़। राज्य शासन ने नगरीय निकाय चुनाव के पहले निकायों के परिसीमन के निर्देश दिए हैं। शासन के निर्देश के तहत रायगढ़ नगर निगम का भी नए सिरे से परिसीमन होना है। ऐसे में न सिर्फ रायगढ़ शहर से लगे कुछ गांव नगर निगम की सीमा में शामिल होंगे बल्कि वार्डों की संख्या में भी इजाफा होगा। परिसीमन से कई दिग्गजों के वार्ड भी घट बढ़ सकते हैं। ऐसे में दिग्गज पार्षदों की सांसें अटकी हुई हैं। दरअसल 48 वार्डों वाले रायगढ़ नगर निगम का साल 2014 में परिसीमन हुआ था। तब नगर निगम सीमा में 12 नए गांव शामिल हुए थे, वार्डों की संख्या भी 36 से बढ़कर 48 हुई थी। अब एक बार फिर नगर निगम के नए सिरे से परिसीमन की तैयारी है। नए परिसीमन के बाद नगर निगम की सीमा से लगे पंडरीपानी, रेगड़ा गढ़उमरिया, चिराईपानी जैसे गांव नगर निगम सीमा में शामिल होंगे। हालांकि अभी परिसीमन की प्राथमिक तैयारी चल रही है और और इस प्रस्ताव पर अंतिम मुहर नहीं लग पाई है लेकिन परिसीमन के तहत वार्डों में जोड़-तोड़ होना तय है। इस दौरान शहर के कई वरिष्ठ और दिग्गज पार्षदों के वार्ड प्रभावित होंगे। परिसीमन में पूर्व एमआईसी मेंबर आशीष ताम्रकार, कौशलेश मिश्रा, सभापति जयंत ठेठवार, दयाराम धुर्वे, पूर्व सभापति सुभाष पांडेय, नेता प्रतिपक्ष पूनम सोलंकी, जैसे बड़े चेहरों के वार्डों में व्यापक जोड तोड़ होना तय है। ऐसे में दिग्गज पार्षदों की सांस अटकी हुई है। मामले में कुछ पार्षदों का यहां तक कहना है कि पूर्व में परिसीमन के दौरान व्यापक त्रुटियां हुई है। परिसीमन के दौरान अधिकारियों ने रेलवे क्रॉसिंग नदी नाले सड़क जैसी चौहद्दी का ध्यान नहीं रखा। ऐसे में व्यापक त्रुटियां हुई है। नए परिसीमन में वे इन सब बातों को लेकर आपत्ति दर्ज कराएंगे। इधर मामले में मेयर का कहना है कि परिसीमन को लेकर अभी तैयारी प्राथमिक स्तर पर है। इस संबंध में जल्द ही अधिकारी कर्मचारियों की बैठक होने वाली है। परिसीमन के दौरान पुरानी त्रुटियों को सुधारा जायेगा। पार्षदों की दावा आपत्तियों की भी सुनवाई होगी। परिसीमन के बाद नए वार्डों की संख्या बढ़ सकती है।
नगर निगम का नया परिसीमन होना है। तैयारियां चल रही है। कुछ वार्डों में जोड़तोड़ होना है अभी प्रक्रिया प्राथमिक स्तर पर है।
जानकी काटजू ,मेयर नगर निगम रायगढ़













