नई दिल्ली: भारतीय क्रिकेट टीम की कोचिंग को लेकर आशीष नेहरा ने अपनी भविष्य की योजनाओं पर खुलकर बात की है। गुजरात टाइटंस के हेड कोच ने साफ किया कि फिलहाल उनकी Team India का कोच बनने की कोई महत्वाकांक्षा नहीं है, लेकिन अगर भविष्य में उन्हें राष्ट्रीय टीम को कोचिंग देने का मौका मिलता है, तो वह इसे बड़े सम्मान और सौभाग्य के तौर पर देखेंगे। नेहरा ने यह बात कोलकाता में क्रिकेट एसोसिएशन ऑफ बंगाल के वार्षिक पुरस्कार समारोह के दौरान कही। उनसे पूछा गया था कि क्या वह भविष्य में भारतीय टीम के मुख्य कोच की भूमिका निभाना चाहेंगे।
Team India की कोचिंग पर नेहरा का साफ जवाब
भारतीय टीम के पूर्व तेज गेंदबाज ने इस सवाल का जवाब देते हुए कहा, ‘हां, यह मेरे लिए बहुत बड़ा सम्मान और सौभाग्य होगा, लेकिन मैं इस तरह की चीजों की कभी योजना नहीं बनाता। भविष्य में देखेंगे। नहीं, नहीं, ऐसी कोई महत्वाकांक्षा नहीं है। मैं जहां हूं, वहां बहुत खुश हूं।’ नेहरा के इस बयान से साफ है कि फिलहाल उनका पूरा ध्यान गुजरात टाइटंस के साथ अपनी भूमिका पर है। उन्होंने राष्ट्रीय टीम की कोचिंग को लेकर किसी तरह की महत्वाकांक्षा होने से इनकार किया है।
ऑफर मिला तो पत्नी से पूछेंगे नेहरा
हालांकि, नेहरा ने यह भी बताया कि अगर भविष्य में उन्हें भारतीय टीम को कोचिंग देने का प्रस्ताव मिलता है, तो वह इस फैसले पर अपनी पत्नी से चर्चा करेंगे। इसकी सबसे बड़ी वजह राष्ट्रीय टीम के कोच की व्यस्तता और लगातार यात्रा करना है। नेहरा के मुताबिक, अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में कोच की भूमिका के लिए आठ से नौ महीने तक यात्रा करनी पड़ सकती है। उन्होंने संकेत दिया कि इस तरह की जिम्मेदारी लेने से पहले वह परिवार के साथ भी इस पर चर्चा करेंगे। उन्होंने अंतरराष्ट्रीय कोचिंग की चुनौती को लेकर कहा कि इसमें काफी यात्रा और कई तरह की चुनौतियां शामिल होती हैं।
गुजरात टाइटंस के साथ बना चुके हैं खास पहचान
आशीष नेहरा ने IPL में बतौर कोच अपनी मजबूत पहचान बनाई है। गुजरात टाइटंस के हेड कोच बनने के बाद उन्होंने टीम को उसके डेब्यू सीजन यानी 2022 में ही IPL चैंपियन बनाया। इसके अगले सीजन में भी गुजरात टाइटंस ने शानदार प्रदर्शन किया और फाइनल तक का सफर तय किया। इस तरह नेहरा ने बतौर कोच अपने शुरुआती वर्षों में ही IPL में अपनी क्षमता साबित कर दी।
खिलाड़ी से सफल कोच तक का सफर
नेहरा भारतीय क्रिकेट टीम के लिए लंबे समय तक तेज गेंदबाज की भूमिका निभा चुके हैं। वह उस भारतीय टीम का हिस्सा थे, जिसने 2003 वनडे वर्ल्ड कप में उपविजेता के रूप में अपना अभियान समाप्त किया था। क्रिकेट से संन्यास के बाद उन्होंने कोचिंग में कदम रखा और गुजरात टाइटंस के साथ उनकी सफलता ने उन्हें IPL के प्रमुख कोचों में शामिल कर दिया।
अभी गुजरात टाइटंस पर ही है पूरा फोकस
नेहरा के बयान से फिलहाल यही संकेत मिलता है कि वह राष्ट्रीय टीम की कोचिंग को लेकर कोई योजना नहीं बना रहे हैं। उन्होंने साफ कहा कि वह गुजरात टाइटंस के साथ अपनी मौजूदा भूमिका में खुश हैं।
हालांकि, भविष्य में अगर Team India की कोचिंग का प्रस्ताव उनके सामने आता है, तो वह इसे सम्मान के साथ स्वीकार करने की संभावना पर विचार करेंगे। लेकिन फिलहाल नेहरा ने राष्ट्रीय टीम की कोचिंग को अपना लक्ष्य नहीं बताया है।














